गाँधी का मौनी राज्य | Gandhi Ka Mauni Rajya

गाँधी का मौनी राज्य | Gandhi Ka Mauni Rajya

गाँधी का मौनी राज्य | Gandhi Ka Mauni Rajya के बारे में अधिक जानकारी :

इस पुस्तक का नाम : गाँधी का मौनी राज्य है | इस पुस्तक के लेखक हैं : Mahatma Gandhi | Mahatma Gandhi की अन्य पुस्तकें पढने के लिए क्लिक करें : | इस पुस्तक का कुल साइज 9.43 MB है | पुस्तक में कुल 292 पृष्ठ हैं |नीचे गाँधी का मौनी राज्य का डाउनलोड लिंक दिया गया है जहाँ से आप इस पुस्तक को मुफ्त डाउनलोड कर सकते हैं | गाँधी का मौनी राज्य पुस्तक की श्रेणियां हैं : history, Knowledge

Name of the Book is : Gandhi Ka Mauni Rajya | This Book is written by Mahatma Gandhi | To Read and Download More Books written by Mahatma Gandhi in Hindi, Please Click : | The size of this book is 9.43 MB | This Book has 292 Pages | The Download link of the book "Gandhi Ka Mauni Rajya" is given above, you can downlaod Gandhi Ka Mauni Rajya from the above link for free | Gandhi Ka Mauni Rajya is posted under following categories history, Knowledge |


पुस्तक के लेखक :
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पुस्तक का साइज : 9.43 MB
कुल पृष्ठ : 292

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कतिपय हिन्दुओं ने प्रयत्न किया, सत्याग्रह की धमकी दी, किन्तु निष्फल रहा। मैं सन् १९२९ से रामलीला के काम में आगे आया सब ने हाथ खींच लिया। सहायता के बजाय विरोध किया, मैं अकेला रह गयो । किन्तु धीरे धीरे हर कुवार मास में अपनी डफली बजाता रहा। अन्त में सन् १९३ ई० रामलीला कराने में सफलता हुई । चुनाव के समय का स्थानीय काँग्रेसमैनों के प्रति दबी हुई घृणा, रामलीला के समय के कटु अनुभव ने मुझे काँग्रेस से घृणा करने के लिये काध्य किया । काँग्रेस की घृणित स्थानीय दल बन्दी ने जो आज तक चला जा रहा है|

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