जयद्रथ-वध | Jaidrath Vadh

जयद्रथ-वध | Jaidrath Vadh

जयद्रथ-वध | Jaidrath Vadh के बारे में अधिक जानकारी :

इस पुस्तक का नाम : जयद्रथ-वध है | इस पुस्तक के लेखक हैं : Maithilisharan Gupt | Maithilisharan Gupt की अन्य पुस्तकें पढने के लिए क्लिक करें : | इस पुस्तक का कुल साइज 3 MB है | पुस्तक में कुल 106 पृष्ठ हैं |नीचे जयद्रथ-वध का डाउनलोड लिंक दिया गया है जहाँ से आप इस पुस्तक को मुफ्त डाउनलोड कर सकते हैं | जयद्रथ-वध पुस्तक की श्रेणियां हैं : Knowledge

Name of the Book is : Jaidrath Vadh | This Book is written by Maithilisharan Gupt | To Read and Download More Books written by Maithilisharan Gupt in Hindi, Please Click : | The size of this book is 3 MB | This Book has 106 Pages | The Download link of the book "Jaidrath Vadh" is given above, you can downlaod Jaidrath Vadh from the above link for free | Jaidrath Vadh is posted under following categories Knowledge |


पुस्तक के लेखक :
पुस्तक की श्रेणी :
पुस्तक का साइज : 3 MB
कुल पृष्ठ : 106

Search On Amazon यदि इस पेज में कोई त्रुटी हो तो कृपया नीचे कमेन्ट में सूचित करें |
पुस्तक का एक अंश नीचे दिया गया है : यह अंश मशीनी टाइपिंग है, इसमें त्रुटियाँ संभव हैं, इसे पुस्तक का हिस्सा न माना जाये |

पापी जनो को दण्ड देना चाहिए समुचित सदा, वर वीर क्षत्रिय-वंश का कर्तव्य है यह सर्वदा इन कौरवो ने हमे सन्ताप कैसे है दिये, सब सुन चुकी हो तुम इन्होने पाप जैसे है किये फिर भी इन्हें मारे विना हम लोग यदि जीते रहे, तो सोच लो संसार भर के वीर हमसे क्या कहे जिस पर हृदय का प्रेम होता सत्य और समग्र है, उसके लिए चिन्तित तथा रहता सदा वह व्यग्र है।

You might also like

Leave A Reply

Your email address will not be published.